संतों और भगवान श्रीराम के कथित अपमान के विरोध में शिवपुरी-बैराड़ में प्रदर्शन, नेताओं के पुतले फूंके

शिवपुरी। संसद में संतों और भगवान श्रीराम के कथित अपमान के विरोध में शनिवार को शिवपुरी और बैराड़ में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) एवं बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। शिवपुरी के माधव चौक पर राहुल गांधी और पप्पू यादव के पुतले फूंके गए, जबकि बैराड़ में कांग्रेस समर्थित निर्दलीय सांसद पप्पू यादव का पुतला दहन कर विरोध जताया गया। प्रदर्शनकारियों ने संत समाज के सम्मान और हिंदू आस्था की रक्षा की मांग करते हुए संबंधित नेताओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई।

शिवपुरी में विहिप और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए अपना विरोध दर्ज कराया। कार्यकर्ताओं का कहना था कि संत समाज भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा का अभिन्न अंग है तथा उनके प्रति किसी भी प्रकार की कथित आपत्तिजनक टिप्पणी या व्यवहार स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने संतों के सम्मान से कोई समझौता नहीं करने और मामले में उचित कार्रवाई की मांग की। इस दौरान संगठन के बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

वहीं बैराड़ में विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल, प्रखंड बैराड़ के तत्वावधान में राम जानकी मंदिर चौराहा से थाना परिसर के सामने तक हिंदू जन-प्रदर्शन निकाला गया। प्रदर्शन के समापन पर पप्पू यादव का पुतला दहन कर विरोध जताया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विहिप के सह संयोजक सुनील राजौरिया ने कहा कि संसद में प्रदर्शन के दौरान भगवान श्रीराम और संत परंपरा का कथित अपमान किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि संबंधित व्यक्तियों द्वारा सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगी गई तो संत समाज आंदोलन को और तेज करने पर विचार करेगा।

जिला सह महाविद्यालय प्रमुख प्रिंस प्रजापति ने कहा कि संसद परिसर में संत वेश धारण कर किया गया प्रदर्शन सनातन धर्म, साधु-संतों और करोड़ों हिंदुओं की आस्था का अपमान है। उन्होंने कहा कि हिंदू समाज संवैधानिक मर्यादाओं का सम्मान करता है, लेकिन उसकी धार्मिक भावनाओं को आहत करने के प्रयास उचित नहीं हैं। उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष से संबंधित सांसदों के खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग भी की।

Post a Comment

0 Comments